मोटर मैकेनिक के बेटे ने यूपीएससी में किया कमाल, 39वीं रैंक हासिल कर बने आईएएस, पिता बोले-मेरा सपना हुआ साकार

अगर इंसान में काबिलियत और हौंसलो में दम हो तो किसी भी काम को किया जा सकता है। ऐसे में कई युवा दसवीं के बाद ही यूपीएससी परीक्षा पास कर आईएएस ऑफिसर बनने का सपना देखते हैं, लेकिन कई युवाओं का सपना पूरा हो जाता है और कई ऐसे होते हैं जो कई बार मेहनत करने के बाद भी सफलता नहीं मिल पाती है, लेकिन एक खास बात बता दें कि यूपीएससी क्लियर करना इतना आसान नहीं होता है ।इसके लिए खुद को किताबों में 10—12 घंटे झोंकना पड़ता है तब कहीं जाकर सफलता मिल पाती है। ऐसे में हम मध्य प्रदेश के गुना जिले के एक युवा के बारे में बता रहे हैं जिन्होंने काफी मेहनत के बाद इस मुकाम को हासिल किया है।

google news

बेटी डॉक्टर अब बेटा बना आईएएस

दरअसल यूपीएससी 2021 परीक्षा के बेहतरीन परिणाम आए हैं। इस बार देश की तीन बेटियों ने टॉप किया है। इसके साथ ही कई युवाओं ने इस परीक्षा में सफलता हासिल की है। इसमें मध्य प्रदेश के गुना जिले के विशाल धाकड़ की कहानी काफी दिलचस्प है। पिता की मोटर वाइंडिंग की छोटी सी दुकान है। विशाल के पिता कमल सिंह धाकड़ ने अपनी मेहनत और ईमानदारी की गाढ़ी कमाई से अपने दो बच्चों को सम्मानजनक पदों पर पहुंचाने में सफलता हासिल की है। इनकी बड़ी बेटी को पढ़ा लिखा कर डॉक्टर बनाया है। अब उनके दूसरे बेटे ने यूपीएससी 2021 परीक्षा में 39वीं रैंक हासिल कर अपने माता-पिता का नाम रोशन कर दिया है।

मोटर वाइंडिंग का काम करते है पिता

अपने बेटे की सफलता के बाद मीडिया के समक्ष कमल सिंह धाकड़ ने जानकारी देते हुए बताया कि उनके मन में विश्वास हो तो सब कुछ कर सकते हैं। मैं खेती करके घर परिवार चलाता था और मोटर वाइंडिंग की दुकान से पैसा कमा कर उन पैसों को बच्चों की पढ़ाई में लगाता हूं। आज मेरी इतने दिनों की मेहनत रंग लाई मुझे खुशी इस बात की है कि दूसरी बार सफलता मिली है। मेरी बेटी पढ़ लिखकर डॉक्टर बनी है और अब मेरा बेटा आईएएस ऑफिसर बना है। मैंने मोटर वाइंडिंग की दुकान चला कर दो बच्चों को ऊंचाइयों पर पहुंचाया है यह मेरे लिए बहुत ही गर्व की बात है।

यूपीएससी परीक्षा के परिणाम घोषित होने के बाद मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सभी युवाओं को बधाई और शुभकामनाएं दी है। इसके साथ ही अब विशाल की सफलता के बाद उन्हें बधाई देने का ताता लगा हुआ है। इसके साथ ही लोग विशाल की सफलता पर उनके पिता को दुकान पर बधाई देने के लिए आ रहे हैं। मुख्यमंत्री का कहना है कि इन युवाओं ने प्रदेश का गौरव बढ़ाया है।

google news